28 May 2026
नई दिल्ली, 28 मई (एजेंसी)। दिल्ली के साकेत कोर्ट ने मियां मुस्लिम वाले कथित भड़काऊ बयान देने पर एफआईआर दर्ज करने की मांग करने वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा को नोटिस जारी किया है। एडिशनल सेशंस जज सोनू अग्निहोत्री ने मामले की अगली सुनवाई 15 जुलाई को करने का आदेश दिया। याचिका सामाजिक कार्यकर्ता हर्ष मांदर ने दायर की है। हर्ष मांदर ने इसके पहले मजिस्ट्रेट कोर्ट के समक्ष याचिका दायर कर हिमंत बिस्वा सरमा के खिलाफ एक धर्म विशेष समुदाय के खिलाफ कथित भड़काऊ बयान देने के मामले में एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी। मजिस्ट्रेट कोर्ट के आदेश को हर्ष मांदर ने सेशंस कोर्ट में चुनौती दी है। ट्रायल कोर्ट ने 20 अप्रैल के अपने आदेश में कहा था कि प्रस्तावित आरोपी का बयान कोर्ट के क्षेत्राधिकार में नहीं आता है, ऐसे में एफआईआर दर्ज करने की अनुमति नहीं दी जा सकती है। सेशंस कोर्ट में सुनवाई के दौरान वकी संवाद बागवादिश्वर ने जीरो एफआईआर और ई-एफआईआर से जुड़े गृह मंत्रालय के स्टैंडर्ड आपरेटिंग प्रोसीजर की ओर कोर्ट का ध्यान दिलाया। उसके बाद कोर्ट ने हिमंता बिस्वा सरमा को नोटिस जारी करने का आदेश दिया। हर्ष मांदर ने अपनी याचिका में कहा है कि असम के मुख्यमंत्री ने मुस्लिम समुदाय को टारगेट करते हुए उन्हें मियां मुस्लिम कहा। ये शब्द भड़काऊ हैं। मियां शब्द का इस्तेमाल आमतौर पर असम के बंगाली मूल के मुसलमानों के लिए किया जाता है।